अनुराधा सोनी ने एम् सील से लेहंगा,दुपट्टा और ब्लाउज बना कर अपना नाम लिम्का बुक ऑफ़ रिकार्ड्स में दर्ज़ करवाया

राजस्थान (बीकानेर ) निवासी अनुराधा सोनी ने एम् सील से लेहंगा,दुपट्टा और ब्लाउज बना कर अपना नाम लिम्का बुक ऑफ़ रिकार्ड्स में दर्ज़ करवाया है. उन्हें इस पूरी ड्रेस को तैयार करने में  24 दिन लगे, जिसके लिए उन्होंने दिन में 10 से 12घंटो तक काम  किया.  एम् सील जिसे की हम पानी की लीकेज को रोकने वाली चीज़ के रूप में जानते है, उससे एक ड्रेस तैयार करना अपने आप में एक अनूठा काम है. अनुराधा ने बताया की इसके लिए सबसे पहले उन्होंने एम् सील से लगभग 3,000 पीस तैयार किये, फिर उनपर मीनाकारी की, स्टोन चिपकाये और फिर उन्हें आपस में जोड़ कर लहंगे, दुप्पटे और ब्लाउज का रूप दिया. इससे बनाने में लगभग 10 से 12 हज़ार का खर्चा आया. एम् सील से कुछ अलग करने की चाह  के

 

लते, इससे पहले 2017 में भी एम् सील से 66 दिनों में ज्वेलरी के  500 आइटम्स जैसे की हार, पायल, चूड़ी इत्यादि बना कर वह अपना नाम लिम्का बुक ऑफ़ रिकार्ड्स में दर्ज़ करवा चुकी है.  अपने इन 500 आइटम्स की वह जयपुर में प्रदर्शनी भी लगा चुकी है. कुछ अनूठा और अलग करने की  चाहत ने उन्हें एम् सील से काम करने की प्रेरणा दी. अनुराधा ने जयपुर से ज्वेलरी डिजाइनिंग का कोर्स किया है और वर्तमान में वह एक सॉफ्टवेयर कंपनी में कार्यरत है.